यूक्रेन द्वारा किए गए हमलों के कारण रूस के करेलिया क्षेत्र में ईंधन की भारी कमी हो गई है। पूर्व रूसी उप-ऊर्जा मंत्री का मानना है कि यह ईंधन संकट पूरे रूस में फैल सकता है। हमलों ने ईंधन आपूर्ति श्रृंखला को बाधित कर दिया है, जिससे करेलिया में पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता कम हो गई है। स्थिति को लेकर चिंताएं बढ़ रही हैं, खासकर सर्दियों के करीब आने के साथ, जब ईंधन की मांग में वृद्धि होती है। विशेषज्ञ इस संकट को रूस की ऊर्जा अवसंरचना पर यूक्रेन के हमलों का परिणाम बता रहे हैं। यदि संकट बढ़ता है, तो यह रूसी अर्थव्यवस्था और नागरिकों के जीवन पर गंभीर प्रभाव डाल सकता है। फिलहाल, रूसी सरकार स्थिति को सामान्य करने के लिए कदम उठा रही है, लेकिन सफलता की कोई गारंटी नहीं है।