यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की ने एक कानून पर हस्ताक्षर किए हैं जिसके तहत रूसी भाषा को यूक्रेन में संरक्षित भाषा के रूप में मान्यता नहीं दी जाएगी। यह कदम यूक्रेन में रूसी भाषा के प्रभाव को कम करने के उद्देश्य से उठाया गया है। यूक्रेन में अभी भी एक महत्वपूर्ण आबादी रूसी भाषा बोलती है, लेकिन रूसी आक्रमण के बाद से इसका उपयोग घट रहा है। यह कानून यूक्रेन की भाषाई नीतियों में एक महत्वपूर्ण बदलाव का संकेत देता है। ज़ेलेंस्की सरकार का कहना है कि यह कदम राष्ट्रीय सुरक्षा और सांस्कृतिक स्वतंत्रता को मजबूत करने के लिए आवश्यक है। इस फैसले से रूस और यूक्रेन के बीच तनाव और बढ़ने की संभावना है। यह कानून यूक्रेन की स्वतंत्रता और संप्रभुता की रक्षा करने के प्रयासों का हिस्सा है।