यूक्रेन के हमलों के कारण रूस को महत्वपूर्ण वायु रक्षा प्रणालियों की गंभीर कमी का सामना करना पड़ रहा है। सीबीएस न्यूज़ के अनुसार, एस-300 और एस-400 जैसे लॉन्चरों के लिए मिसाइलों की सबसे अधिक कमी है। विशेषज्ञों का मानना है कि यूक्रेन रूस की तुलना में अधिक ड्रोन का उत्पादन करने में सक्षम है, जबकि रूस मिसाइलों के उत्पादन में पिछड़ रहा है। कीव इस कमी को और बढ़ाने का प्रयास कर रहा है। यह स्थिति रूस की वायु रक्षा क्षमताओं को कमजोर कर सकती है। यूक्रेन लगातार रूसी सैन्य ठिकानों पर हमले कर रहा है, जिससे रूस की हथियार प्रणालियों को नुकसान हो रहा है। इस वजह से रूस को अपनी वायु सुरक्षा बनाए रखने में कठिनाई हो रही है।