तुर्की के अभियोजकों ने 2015 में अंकारा में हुए सबसे भीषण आतंकवादी हमले से पहले इस्लामिक स्टेट (ISIL) के संदिग्धों के बारे में जानकारी मिलने के बावजूद कार्रवाई न करने के आरोप में पुलिस अधिकारियों के खिलाफ जांच बंद कर दी है। 'एवरेनसेल' दैनिक समाचार पत्र के अनुसार, अभियोजकों का कहना है कि मामले में समय सीमा समाप्त हो गई है। गाज़ीएंटेप मुख्य सार्वजनिक अभियोजन कार्यालय ने 17 जून को यह निर्णय लिया। इस निर्णय से पीड़ितों और उनके परिवारों में निराशा है, क्योंकि उन्हें न्याय मिलने की उम्मीद थी। आलोचकों का कहना है कि यह निर्णय राजनीतिक हस्तक्षेप का परिणाम हो सकता है। यह मामला तुर्की में आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में पारदर्शिता और जवाबदेही के बारे में सवाल उठाता है। जांच बंद करने से यह संदेश जा सकता है कि अधिकारियों को उनकी लापरवाही के लिए जवाबदेह नहीं ठहराया जाएगा।