तुर्की की मुख्य विपक्षी रिपब्लिकन पीपुल्स पार्टी (CHP) में नेतृत्व को लेकर फिर से विवाद उत्पन्न हो गया है। यह विवाद तब शुरू हुआ जब पूर्व अध्यक्ष ओज़गुर ओज़ेल के समर्थकों ने अदालत के आदेश के बाद एक असाधारण कांग्रेस की मांग करते हुए याचिकाएं जमा की हैं। मई में एक अदालत के फैसले ने केमल किलिकदारोग्लू को फिर से पार्टी का नेता नियुक्त किया था, जिसके बाद यह कदम उठाया गया है। अंकारा की एक अदालत ने 2023 के पार्टी नेतृत्व चुनाव को रद्द कर दिया है। इस फैसले के परिणामस्वरूप, CHP में अब नए नेतृत्व के लिए चुनाव होने की संभावना है। यह पार्टी के भीतर शक्ति संघर्ष और भविष्य की राजनीतिक दिशा को लेकर अनिश्चितता पैदा करता है। इस मामले पर पार्टी सदस्यों और राजनीतिक विश्लेषकों की नज़रें टिकी हुई हैं।
