ट्यूनीशियाई प्रवासी, जिन्हें अक्सर अनदेखा किया जाता है, सालाना लगभग 10 अरब दिनार विदेशी मुद्रा भेजते हैं। यह राशि ट्यूनीशियाई अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन प्रवासियों के योगदान को अक्सर कम करके आंका जाता है। लेख में बताया गया है कि ट्यूनीशियाई राज्य प्रवासियों को केवल उनके भेजे गए धन के लिए महत्व देता है, न कि उनके अधिकारों या कल्याण के लिए। यह स्थिति प्रवासियों के बीच निराशा और असंतोष पैदा करती है। सरकार को प्रवासियों के साथ बेहतर संबंध बनाने और उनके योगदान को पहचानने की आवश्यकता है। प्रवासियों की अनदेखी करना दीर्घकाल में ट्यूनीशिया के लिए हानिकारक हो सकता है। यह लेख 'कैपिटालिस' में प्रकाशित हुआ था।