ट्यूनीशियाई सेना ने अपनी स्थापना के बाद से ही राजनीतिक मामलों में सीधी भागीदारी से दूरी बनाए रखी है, जो इसे अधिकांश अरब और अफ्रीकी सेनाओं से अलग करती है। हाल ही में, ट्यूनीशियाई सेना ने अपनी 70वीं वर्षगांठ मनाई, जिसके दौरान राजनीतिक तटस्थता और राज्य के प्रति अपनी निष्ठा को फिर से दोहराया गया। यह सेना की एक प्रमुख विशेषता रही है, जिसने देश में स्थिरता बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। ट्यूनीशियाई सेना का यह दृष्टिकोण, अन्य क्षेत्रीय सेनाओं की तुलना में अद्वितीय है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह राजनीतिक परिदृश्य में सेना की भूमिका को लेकर एक महत्वपूर्ण संदेश है। यह घटना ट्यूनीशिया के राजनीतिक इतिहास और सेना के महत्व को दर्शाती है। Kapitalis पर प्रकाशित एक लेख में इस विषय पर विस्तृत जानकारी दी गई है।
