ट्यूनीशिया में एक गंभीर समस्या उभर कर सामने आई है, जहाँ तकनीक को अपनाने की जल्दबाजी में बुनियादी ढांचे और विशेषज्ञता के विकास को नज़रअंदाज़ किया जा रहा है। अक्सर इसे गलती मानने के बजाय, इसे एक सामान्य बात के तौर पर स्वीकार किया जाता है। विशेषज्ञ बताते हैं कि तकनीक विकास की ज़रूरतों को पूरा करने के लिए आगे बढ़ती है, और इसके विकासकर्ता दशकों से संरचना, विशेषज्ञता और लगातार बढ़ती मांगों पर काम कर रहे हैं। प्रत्येक नया उपकरण पिछली पीढ़ी की समस्याओं का समाधान है। बिना उचित तैयारी के उन्नत तकनीक खरीदने से संसाधनों की बर्बादी होती है और अपेक्षित लाभ नहीं मिल पाता। यह स्थिति देश के विकास और नवाचार की क्षमता को बाधित कर सकती है। इस मुद्दे पर तत्काल ध्यान देने और दीर्घकालिक रणनीति बनाने की आवश्यकता है।