अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान से जान से मारने की मिली धमकियों से बचने के लिए तुर्की में गुप्त रूप से अपना विमान बदला। यह घटना नाटो शिखर सम्मेलन के समापन के बाद 8 जुलाई को हुई जब ट्रंप तुर्की से प्रस्थान करने की तैयारी कर रहे थे। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ट्रंप को खतरों से बचाने के लिए यह गुप्त ऑपरेशन किया गया था। उन्होंने एक कैटरिंग वैन में छिपकर दूसरा विमान लिया। सुरक्षा कारणों से इस बदलाव को गुप्त रखा गया था। यह घटना राष्ट्रपति ट्रंप की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ाती है और ईरान से उत्पन्न खतरों को उजागर करती है। इस घटना ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी ध्यान आकर्षित किया है।