पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा दिए गए एक कार्यकारी आदेश के तहत डाक मतपत्रों की जांच के लिए एक जटिल प्रणाली बनाने का प्रयास किया जा रहा था, लेकिन यह कानूनी अड़चनों के कारण बाधित है। एक व्हिसलब्लोअर ने दावा किया है कि यह प्रणाली त्रुटिपूर्ण और अप्रमाणित है। इस प्रणाली को जल्दी से स्थापित करने का आदेश दिया गया था, जिससे उसकी विश्वसनीयता पर सवाल उठ रहे हैं। आलोचकों का कहना है कि यह आदेश चुनाव प्रक्रिया को कमजोर करने और मतदाताओं को भ्रमित करने का प्रयास था। अदालत में इस आदेश को चुनौती दी गई है और फिलहाल यह रोक दिया गया है। इस प्रणाली की कमज़ोरियों के उजागर होने से आगामी चुनावों में डाक मतपत्रों की सुरक्षा और निष्पक्षता पर चिंताएं बढ़ गई हैं। व्हिसलब्लोअर के आरोपों से इस मामले की जांच की मांग ज़ोर पकड़ रही है।

English
Français
Español
हिन्दी
中文