अमेरिकी मीडिया ने पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर ईरान परमाणु समझौते को लेकर तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश करने का आरोप लगाया है। ट्रंप ने हाल ही में समझौते को लेकर अपनी भूमिका की सराहना करते हुए कहा था कि उन्होंने युद्ध को रोका था। हालांकि, प्रमुख अमेरिकी समाचार संगठनों ने ट्रंप के इस दावे को ‘स्पिन’ और ‘गलत चित्रण’ बताया है। रिपोर्टों में समझौते के दौरान ट्रंप प्रशासन के रुख और वास्तविक घटनाओं के बीच विरोधाभास को उजागर किया गया है। मीडिया का कहना है कि ट्रंप ने समझौते से एकतरफा हटने का फैसला किया था, जिससे तनाव बढ़ा और ईरान के परमाणु कार्यक्रम को बढ़ावा मिला। कई विश्लेषकों का मानना है कि ट्रंप का दावा ऐतिहासिक तथ्यों को गलत तरीके से प्रस्तुत करता है और राजनीतिक लाभ के लिए किया गया है। इस मामले पर विभिन्न राजनीतिक प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
