पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतान्याहू को ‘बहुत कठिन व्यक्ति’ बताया है। उन्होंने यह भी संकेत दिया है कि यदि ईरान के साथ परमाणु समझौता नहीं होता है, तो ईरान पर हमले फिर से शुरू हो सकते हैं। यह बयान ऐसे समय में आया है जब ईरान ने अमेरिका और इजराइल दोनों को ‘धमकाने’ का दावा किया है। वहीं, स्टैनफोर्ड विश्वविद्यालय में एक विरोध प्रदर्शन के दौरान, इजराइल विरोधी प्रदर्शनकारियों ने गूगल के सीईओ की दीक्षांत भाषण के दौरान मंच छोड़ दिया। यह घटनाक्रम ईरान परमाणु समझौते को लेकर तनाव और इजराइल-फिलिस्तीन संघर्ष से जुड़े मुद्दों को उजागर करता है। ट्रंप के बयान से मध्य पूर्व में स्थिति और अधिक अस्थिर होने की आशंका बढ़ गई है। फिलहाल, राजनयिक प्रयास जारी हैं लेकिन सफलता की कोई गारंटी नहीं है।
