अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप प्रशासन तुर्की को जनरल इलेक्ट्रिक के दर्जनों लड़ाकू विमान इंजन बेचने की योजना बना रहा है। ये इंजन तुर्की के ‘kaan’ लड़ाकू विमानों के लिए हैं। यह कदम वाशिंगटन और अंकारा के बीच संबंधों को मजबूत करने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है, खासकर आगामी नाटो शिखर सम्मेलन को ध्यान में रखते हुए। हालांकि, अमेरिकी कांग्रेस के कुछ सदस्यों ने इस संभावित बिक्री पर अपनी आपत्तियां जताई हैं। उनका मानना है कि यह तुर्की के मानवाधिकार रिकॉर्ड और क्षेत्रीय नीतियों को देखते हुए उचित नहीं है। इस बिक्री से अमेरिका-तुर्की संबंधों में सुधार हो सकता है, लेकिन यह कांग्रेस में विवाद का कारण भी बन सकता है। ट्रंप प्रशासन का यह निर्णय भू-राजनीतिक और घरेलू राजनीतिक दोनों पहलुओं को ध्यान में रखकर लिया गया है।
