न्यूयॉर्क के लिबर्टी प्लाज़ा में तिब्बती कार्यकर्ता लोबसांग रेंगज़ेन को श्रद्धांजलि दी गई, जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय के बाहर आत्मदाह किया था। रेंगज़ेन ने इस महीने की शुरुआत में खुद को आग लगा ली थी। माना जा रहा है कि रेंगज़ेन का आत्मदाह चीन के नए जातीय एकता कानून के लागू होने से एक दिन पहले किया गया था। आत्मदाह से पहले रेंगज़ेन ने वीडियो कॉल के माध्यम से मित्रों से संपर्क किया था। रेंगज़ेन एक जाने-माने तिब्बती कार्यकर्ता थे और उन्होंने चीन के मानवाधिकार हनन के खिलाफ अपनी आवाज उठाई थी। इस घटना ने तिब्बत में मानवाधिकारों की स्थिति पर एक बार फिर से ध्यान आकर्षित किया है। यह घटना चीन सरकार के प्रति विरोध का एक शक्तिशाली प्रतीक है।