जूलियो अगुइलर ने ‘खेल की कला’ शीर्षक से एक स्तंभ लिखा है। यह स्तंभ ‘लिमा ग्रिस’ नामक प्रकाशन में प्रकाशित हुआ है। स्तंभ में खेल के विभिन्न पहलुओं पर विचार किया गया है, हालांकि विशिष्ट विषयवस्तु का विवरण उपलब्ध नहीं है। यह लेख खेल के प्रति अगुइलर के दृष्टिकोण और विश्लेषण को दर्शाता है। ‘लिमा ग्रिस’ एक ऐसा मंच है जो विभिन्न विषयों पर लेख प्रकाशित करता है, जिसमें खेल भी शामिल है। यह स्तंभ पाठकों को खेल की कलात्मकता और महत्व पर विचार करने के लिए प्रेरित करता है। अगुइलर का यह कार्य खेल पत्रकारिता में एक योगदान है।