थाईलैंड ने म्यांमार के सैन्य शासन के लिए आसियान (ASEAN) में अधिक बड़ी भूमिका का समर्थन किया है। यह फैसला तब आया जब जनरल मिन आउंग ह्लाइंग ने बैंकॉक का दौरा किया। दोनों देशों ने आर्थिक सहयोग को बढ़ाने पर आपसी सहमति जताई है। हालांकि, इस दौरे की कड़े शब्दों में आलोचना की जा रही है। आलोचकों का मानना है कि इस कदम से सैन्य शासन को वैधता मिलेगी। साथ ही, यह सैन्य शासन को और अधिक समृद्ध बनाने में मदद करेगा। यह दौरा म्यांमार के राजनीतिक संकट के बीच एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम है। थाईलैंड की यह नीति क्षेत्रीय कूटनीति में चर्चा का विषय बनी हुई है।