हाल के हमलों, जैसे क्रोकस सिटी हॉल हमला, दर्शाते हैं कि आतंकवादी संगठन, जैसे आईएसकेपी, साइबर स्पेस का उपयोग कर रहे हैं। डार्क वेब, क्रिप्टो करेंसी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का उपयोग आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए किया जा रहा है। वैश्विक सुरक्षा उपाय इस खतरे से निपटने के लिए पर्याप्त नहीं हैं। आतंकवादी संगठन एआई चैटबॉट्स का इस्तेमाल प्रचार और भर्ती के लिए कर रहे हैं। क्रिप्टो करेंसी उन्हें धन हस्तांतरण में मदद कर रही है, जिससे उन्हें पकड़ना मुश्किल हो रहा है। यह स्थिति वैश्विक सुरक्षा के लिए एक गंभीर चुनौती है, जिसके लिए तत्काल ध्यान और कार्रवाई की आवश्यकता है। बेहतर तैयारी और सहयोग से ही इस खतरे को कम किया जा सकता है।