हाल ही में, कुओमिन्तांग (केएमटी) के अधिकारियों द्वारा चीन में फुक्सी को समर्पित एक समारोह में भाग लेने पर विवाद उत्पन्न हो गया है। फुक्सी चीनी सभ्यता के जनक माने जाने वाले एक पौराणिक देवता हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि चीन इस तरह के आयोजनों का उपयोग ताइवान के लोगों को अपनी संस्कृति में शामिल करने और राजनीतिक प्रभाव बढ़ाने के लिए कर रहा है। केएमटी अधिकारियों की इस भागीदारी से ताइवान में चिंताएं बढ़ गई हैं कि चीन सांस्कृतिक और धार्मिक माध्यमों से प्रभाव डालने का प्रयास कर रहा है। आलोचकों का कहना है कि यह ताइवान की संप्रभुता के लिए खतरा है। केएमटी ने अभी तक इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है, लेकिन इस घटना ने ताइवान-चीन संबंधों में एक नई बहस छेड़ दी है। यह घटनाक्रम चीन की 'एक देश, दो प्रणाली' नीति के तहत ताइवान को एकीकृत करने की दीर्घकालिक रणनीति का हिस्सा हो सकती है।