ज़ाहिद हमादी ने सुझाव दिया कि पीएसी 2017 के बाद टीएच के प्रबंधन की जांच के लिए एक विशेष निकाय गठित कर सकती है। वहीं, तकियुद्दीन हसन एक नए आरसीआई या पीएसी जांच के लिए तैयार हैं। यह बयान तब आया है जब टीएच (ताबुंग हाजी) के प्रबंधन से संबंधित मुद्दे फिर से सामने आए हैं। दोनों नेताओं के इस रुख से मामले की आगे जांच की संभावना बढ़ गई है। यह विकास थ के भविष्य और जवाबदेही सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। पीएसी की भूमिका और आरसीआई की आवश्यकता पर बहस जारी है। इन सुझावों का उद्देश्य पारदर्शिता लाना और संभावित अनियमितताओं का पता लगाना है।