अमेरिका के सर्वोच्च न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण फैसले में टीपीएस (Temporary Protected Status) कार्यक्रम के लाभार्थियों के लिए न्यायिक समीक्षा को सीमित कर दिया है। इस फैसले के परिणामस्वरूप, अमेरिका में 350,000 से अधिक प्रवासी, जो इस कार्यक्रम के तहत सुरक्षा प्राप्त कर रहे थे, अब कानूनी सुरक्षा से वंचित हो सकते हैं। न्यायालय ने माना कि इस मामले में संघीय अदालतों को हस्तक्षेप करने का अधिकार नहीं है। टीपीएस कार्यक्रम उन देशों के नागरिकों को राहत प्रदान करता है जो प्राकृतिक आपदाओं, सशस्त्र संघर्ष या अन्य असाधारण परिस्थितियों से प्रभावित हैं। अब, इन प्रवासियों को निर्वासन का खतरा बढ़ गया है, क्योंकि उनकी कानूनी स्थिति कमजोर हो गई है। इस फैसले से अमेरिका में अप्रवासन नीति पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ने की संभावना है। कानूनी विशेषज्ञ इस फैसले के दूरगामी परिणामों का विश्लेषण कर रहे हैं।
