वैज्ञानिकों ने सूर्य के अंतिम चरण में पृथ्वी को निगलने की संभावना को लेकर एक नया अनुमान जारी किया है। पहले यह माना जाता था कि सूर्य अपने जीवन के अंत में एक विशालकाय 'रेड जायंट' तारे में परिवर्तित होकर पृथ्वी को निगल जाएगा। हालांकि, नए शोध के अनुसार, सूर्य का द्रव्यमान कम होने के कारण यह पृथ्वी तक पहुंचने के लिए पर्याप्त रूप से विस्तारित नहीं होगा। यह अनुमान सूर्य के भविष्य के आकार और द्रव्यमान हानि की अधिक सटीक गणना पर आधारित है। इसका मतलब है कि पृथ्वी, सूर्य के अंतिम दिनों में भी, नष्ट होने से बच सकती है, हालांकि यह रहने योग्य नहीं रहेगी। यह खोज खगोल विज्ञान के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण विकास है और सूर्य के जीवन चक्र की हमारी समझ को बेहतर बनाती है। भविष्य में पृथ्वी की स्थिति का आकलन करने के लिए आगे भी शोध जारी रहेगा।
