गर्मियों की लंबी छुट्टी बच्चों और युवाओं के लिए आनंद का समय है, लेकिन यह एक ऐसा समय भी है जब वे अधिक जोखिम में रहते हैं। आँकड़ों से पता चलता है कि इस दौरान बच्चों के साथ दुर्व्यवहार और उपेक्षा की घटनाएं बढ़ जाती हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि स्कूल बंद होने और संरचित गतिविधियों की कमी के कारण बच्चे असुरक्षित हो जाते हैं। सामाजिक सेवाओं पर भी इस दौरान अधिक दबाव रहता है। अभिभावकों और समाज को बच्चों की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त सतर्क रहने की आवश्यकता है। यह सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है कि बच्चों को सुरक्षित और सहायक वातावरण मिले, खासकर जब वे स्कूल से दूर हों। अधिकारियों ने छुट्टियों के दौरान बच्चों की सुरक्षा के लिए जागरूकता अभियान चलाने और सहायता सेवाएं उपलब्ध कराने की बात कही है।
