प्रशांत महासागर में एल नीनो की वापसी की पुष्टि मौसम वैज्ञानिकों ने की है। उनका कहना है कि यह एल नीनो अब तक के सबसे प्रबल पैटर्न में से एक बन सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे आने वाले महीनों में वैश्विक तापमान में वृद्धि होगी और चरम मौसम की घटनाओं में तेजी आएगी। इन घटनाओं में बाढ़, सूखा, जंगल में आग और शक्तिशाली तूफान शामिल हो सकते हैं। एल नीनो के कारण दुनिया भर में तापमान में असामान्य वृद्धि होने की संभावना है, जिससे गर्मी के रिकॉर्ड टूट सकते हैं। यह जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को और भी बढ़ा सकता है। वैज्ञानिक स्थिति पर बारीकी से निगरानी रख रहे हैं और इसके संभावित प्रभावों को कम करने के लिए तैयारी कर रहे हैं।