दक्षिण अफ्रीका में ज़ेनोफोबिया के कारण फंसे नाइजीरियाई नागरिकों को गंभीर मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। स्वदेश वापसी के लिए सरकार द्वारा आयोजित दूसरी खेप की उड़ानों में देरी के कारण सैकड़ों नागरिक भूख और बेघर हो गए हैं। ये नागरिक पंजीकरण और जांच के लिए विभिन्न प्रांतों से आए थे और अब उनकी बचत भी समाप्त हो चुकी है। इनमें महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी शामिल हैं, जिनकी स्थिति चिंताजनक है। नाइजीरियाई सरकार द्वारा निकासी प्रक्रिया में हो रही देरी से फंसे हुए लोगों में निराशा बढ़ रही है। स्थिति को देखते हुए, तत्काल राहत और सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने की मांग की जा रही है। यह घटना दक्षिण अफ्रीका में विदेशी नागरिकों के प्रति बढ़ती ज़ेनोफोबिया की समस्या को भी उजागर करती है।