अमेरिका और ईरान के बीच हुए समझौते के बाद, ओर्मुज़ जलडमरूमध्य में समुद्री खतरे का स्तर 'मध्यम' कर दिया गया है। ब्रिटिश समुद्री व्यापार संचालन (UKMTO) ने पहले इस क्षेत्र में खतरे को लेकर चेतावनी जारी की थी। वर्तमान में, जलडमरूमध्य में समुद्री जहाजों के लिए नज़दीकी खदानों और नौसेना की उपस्थिति बढ़ने का खतरा बना हुआ है। हालाँकि, समझौते के बाद स्थिति में सुधार हुआ है। UKMTO लगातार निगरानी रख रहा है और जहाजों को सतर्क रहने की सलाह दे रहा है। स्थायी युद्धविराम के लिए बातचीत जारी है, जिसका उद्देश्य क्षेत्र में स्थिरता लाना है। यह समझौता क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए एक सकारात्मक कदम माना जा रहा है।