भूमध्य सागर में रहने वाली व्हेल (कैशलोट्स) की आवाज़ों में क्षेत्रीय भिन्नताएँ पाई गई हैं। लगभग दो दशकों के रिकॉर्ड किए गए ध्वनियों के विश्लेषण से पता चला है कि पूर्वी और पश्चिमी भूमध्य सागर के व्हेल अलग-अलग ‘बोली’ का उपयोग करते हैं। शोधकर्ताओं ने पाया कि ये व्हेल केवल उन्हीं समूहों के सदस्यों के साथ संवाद करती हैं जिनकी आवाज़ें उनकी अपनी तरह हों। इसका मतलब है कि ये व्हेल अपनी पहचान और संचार के लिए विशिष्ट ध्वनियों पर निर्भर करती हैं। यह खोज व्हेल के सामाजिक व्यवहार और उनकी आबादी की संरचना को समझने में महत्वपूर्ण है। वैज्ञानिकों का मानना है कि यह भाषाई अलगाव व्हेल समूहों के बीच प्रजनन और सामाजिक संपर्क को सीमित कर सकता है। इस अध्ययन से व्हेल संरक्षण प्रयासों को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है।
