दक्षिण अफ़्रीका की वकील और जैव-नैतिकविद क्वानेले असेंटे पिछले दो दशकों से स्वास्थ्य संस्थानों—सोवेटो से लेकर संयुक्त राष्ट्र तक—को उन नीतियों को सुनने के लिए प्रेरित कर रही हैं जो वे लागू करने का इरादा रखते हैं। उनकी यह यात्रा स्वास्थ्य सेवा से ही शुरू हुई थी। बचपन से ही, उनका जीवन स्वास्थ्य संबंधी मुद्दों से जुड़ा रहा है। उन्होंने स्वास्थ्य संबंधी नीतियों में रोगी की आवाज़ को शामिल करने के लिए अथक प्रयास किया है। उनका काम दर्शाता है कि कैसे एक व्यक्ति की दृढ़ता स्वास्थ्य सेवा प्रणाली में महत्वपूर्ण बदलाव ला सकती है। असेंटे का प्रभाव अब वैश्विक स्तर पर महसूस किया जा रहा है, क्योंकि संयुक्त राष्ट्र तक उनकी लड़ाई पहुँच चुकी है। यह कहानी स्वास्थ्य सेवा में रोगी-केंद्रित दृष्टिकोण के महत्व पर प्रकाश डालती है।