दक्षिण अफ्रीका में यूथ डे के अवसर पर, ह्यूमन साइंसेज रिसर्च काउंसिल (एचएसआरसी) ने युवा आंदोलनों के विकास पर संवाद किया। इस संवाद में रंगभेद के दौर से लेकर आज के असमानता और बहिष्कार जैसे समकालीन मुद्दों तक, युवाओं के संघर्षों की पड़ताल की गई। विशेषज्ञों ने बताया कि कैसे 1976 के ऐतिहासिक आंदोलन ने आज के युवा सक्रियतावाद की नींव रखी। वर्तमान में, युवा शिक्षा, रोज़गार और सामाजिक न्याय की मांग को लेकर आगे आ रहे हैं। संवाद में यह भी प्रकाश डाला गया कि युवा राजनीतिक और सामाजिक परिवर्तन लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। एचएसआरसी का मानना है कि युवाओं की आवाज़ को सुनना और उनके मुद्दों को समझना देश के भविष्य के लिए आवश्यक है। यह संवाद दक्षिण अफ्रीका में युवा सक्रियतावाद के बदलते स्वरूप को समझने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।