सोनी ग्रुप कॉर्पोरेशन लगभग तीन दशकों के बाद अमेरिकी डॉलर में बॉन्ड जारी करने की योजना बना रहा है। ब्लूमबर्ग द्वारा एकत्र किए गए आंकड़ों के अनुसार, कंपनी ने आखिरी बार 1998 में डॉलर बॉन्ड जारी किए थे। उस समय कंपनी ने इस प्रक्रिया के माध्यम से 1.5 बिलियन अमेरिकी डॉलर जुटाए थे। अब लंबे अंतराल के बाद सोनी अंतरराष्ट्रीय बाजारों से पूंजी जुटाने की दिशा में कदम बढ़ा रहा है। यह कदम कंपनी की वैश्विक वित्तीय रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। इस नए बॉन्ड इश्यू के जरिए सोनी अपनी वित्तीय स्थिति को और मजबूत कर सकता है। बाजार विशेषज्ञों की नजर अब इस आगामी वित्तीय कदम पर टिकी है।
