आज के दौर में, पॉलीन हैनसन जैसे राजनेताओं का नेशनल प्रेस क्लब में भाषण देना, सिर्फ़ टीवी पर देखने वाले दर्शकों के लिए नहीं है। सोशल मीडिया के प्रभाव के कारण, भाषण के छोटे-छोटे अंश, जिन्हें बाद में सोशल मीडिया पर साझा किया जाता है, ज़्यादा महत्वपूर्ण हो गए हैं। ये छोटे वीडियो व्यापक दर्शकों तक पहुँचते हैं और अक्सर भाषण के मुख्य संदेश को निर्धारित करते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि सोशल मीडिया पर वायरल होने वाले ये क्लिप, सार्वजनिक धारणा को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इसलिए, राजनेता अब अपने भाषणों को इस तरह से तैयार करते हैं कि वे सोशल मीडिया पर आसानी से साझा किए जा सकें। प्रेस क्लब जैसे मंच अब सिर्फ़ प्रसारण माध्यम नहीं रहे, बल्कि सोशल मीडिया सामग्री के स्रोत के रूप में भी महत्वपूर्ण हो गए हैं। इस बदलाव ने राजनीतिक संचार के तरीके को पूरी तरह से बदल दिया है।
