स्लोवाकिया के सबसे बड़े गिरजाघर, कोशिसे के गोथिक स्मारक की घड़ियाँ सालों से बंद पड़ी थीं। एक स्थानीय लोहार ने बिना किसी शुल्क के इन घड़ियों को ठीक करने की पेशकश की और सफलतापूर्वक उन्हें चालू कर दिया है। उनकी कुशलता और निःस्वार्थ भाव से अब गिरजाघर की घंटियाँ फिर से बजेंगी। यह कार्य कलात्मकता और सामुदायिक भावना का एक अद्भुत उदाहरण है। लोहार का कहना है कि वह "कुछ भी ठीक कर सकता है" और इस परियोजना को पूरा करने में उसे बहुत खुशी हुई। इस पहल से गिरजाघर के ऐतिहासिक महत्व को फिर से स्थापित करने में मदद मिलेगी और कोशिसे शहर के लोगों में उत्साह का संचार हुआ है। अब, कोशिसे के लोग जल्द ही अपने प्रतिष्ठित गिरजाघर की घंटियों की मधुर आवाज सुनने के लिए उत्सुक हैं।