सस्काटून में एक 14 वर्षीय किशोर, जिसने स्कूल में हिंसा करने की योजना बनाई थी, उस पर अगले एक वर्ष के लिए आतंकवाद रोकथाम बंधन लगाया गया है। यह बंधन उसे किसी भी आतंकवादी गतिविधि में शामिल होने से रोकेगा। अधिकारियों को किशोर द्वारा स्कूल में गोलीबारी करने की योजना बनाने की जानकारी मिली थी, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई। यह मामला कनाडा में युवाओं में बढ़ती हिंसा और चरमपंथी विचारधाराओं के प्रसार को लेकर चिंताएं बढ़ाता है। अदालत ने किशोर को कुछ शर्तों का पालन करने का आदेश दिया है, जिसमें मानसिक स्वास्थ्य सहायता प्राप्त करना भी शामिल है। यह बंधन एक निवारक उपाय है जिसका उद्देश्य भविष्य में किसी भी संभावित खतरे को रोकना है। इस मामले ने स्कूल सुरक्षा और युवा अपराध से निपटने के तरीकों पर बहस छेड़ दी है।
