दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे म्योंग ने कहा है कि उत्तर कोरिया पर लगाए गए प्रतिबंध अब प्रभावी नहीं रहे हैं। उनका कहना है कि यूक्रेन युद्ध के कारण रूस और उत्तर कोरिया के बीच बढ़ते सैन्य सहयोग ने इन प्रतिबंधों की उपयोगिता को कम कर दिया है। राष्ट्रपति ली ने पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को भी इस बारे में जानकारी दी थी। उनका मानना है कि रूस से उत्तर कोरिया को मिल रही सैन्य सहायता से प्रतिबंधों का वांछित परिणाम नहीं मिल पा रहा है। इस स्थिति के कारण उत्तर कोरिया की सैन्य क्षमता बढ़ रही है, जो क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए चिंता का विषय है। दक्षिण कोरिया सरकार इस मुद्दे पर अंतर्राष्ट्रीय समुदाय के साथ मिलकर काम करने की कोशिश कर रही है। राष्ट्रपति ली ने इस बात पर जोर दिया कि प्रतिबंधों के साथ-साथ कूटनीति को भी महत्व दिया जाना चाहिए।
