गाजीपुर सफारी पार्क में रखे गए ‘सम्राट’ और ‘निहारकली’ नामक दो हाथियों को, धन जुटाने के काम में इस्तेमाल न करने समेत कई शर्तों के साथ, उनके देखभालकर्ताओं को सौंपा गया था। हालांकि, शर्तों का उल्लंघन होने के कारण, वन विभाग ने केवल 12 दिनों के बाद दोनों हाथियों को वापस ले लिया। यह कार्यवाही तब हुई जब देखभालकर्ताओं पर समझौते की शर्तों का पालन न करने का आरोप लगा। विभाग ने हाथियों की सुरक्षा और उचित देखभाल सुनिश्चित करने के लिए यह कदम उठाया है। अब इन हाथियों की बेहतर देखरेख के लिए उचित व्यवस्था की जाएगी। यह घटना सफारी पार्क में जानवरों के प्रबंधन और उनकी सुरक्षा से जुड़े नियमों की समीक्षा की मांग करती है। वन विभाग इस मामले में सख्त कार्रवाई करने के लिए तैयार है।