यूक्रेन रूस के ‘रैसवेत’ नामक उपग्रह इंटरनेट सिस्टम से चिंतित है, जिसे अमेरिका के ‘स्टारलिंक’ का जवाब माना जा रहा है। यूक्रेनी अधिकारियों का कहना है कि रूस इसे अनुमान से भी तेज़ी से विकसित कर रहा है। यूक्रेन इस प्रणाली का मुकाबला करने के तरीकों पर विचार कर रहा है, जिसमें अंतरिक्ष विकास केंद्रों पर हमले भी शामिल हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, ‘रैसवेत’ में कई कमज़ोरियाँ हैं, लेकिन यह रूस को युद्ध में महत्वपूर्ण लाभ दे सकता है। इसके अलावा, यह यूरोप के लिए भी एक ख़तरा बन सकता है। यह प्रणाली रूस की संचार और सैन्य क्षमताओं को बढ़ा सकती है। यूक्रेन इस खतरे से निपटने के लिए रणनीति बनाने में जुटा हुआ है।