यूक्रेन में रूसी सेना ने डीटीईके नामक देश की सबसे बड़ी निजी ऊर्जा कंपनी के स्वामित्व वाले एक थर्मल पावर प्लांट पर हमला किया है। इस हमले में एक कर्मचारी की जान चली गई और एक अन्य घायल हो गया है। यह हमला यूक्रेन की ऊर्जा अवसंरचना को निशाना बनाने की रूसी रणनीति का हिस्सा है, जिससे देश में बिजली की आपूर्ति बाधित होने का खतरा बढ़ गया है। डीटीईके ने हमले की पुष्टि की है और कहा है कि संयंत्र को गंभीर क्षति हुई है। यूक्रेनी अधिकारियों ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और रूस से युद्ध अपराधों के लिए जवाबदेही की मांग की है। इस घटना से यूक्रेन में ऊर्जा संकट और गहराने की आशंका है, खासकर सर्दियों के मौसम में। ऊर्जा संयंत्रों पर लगातार हमलों के कारण बिजली कटौती की संभावना बढ़ गई है।