रूस में एक विपक्षी नेता को यूक्रेन युद्ध के विरोध में सोशल मीडिया पर दो पोस्ट करने के आरोप में सात साल की जेल की सजा सुनाई गई है। यह नेता ‘याब्लोको’ पार्टी के उप-अध्यक्ष हैं, जो यूक्रेन में रूसी आक्रमण का विरोध करती है। उन पर रूसी सेना के बारे में झूठी जानकारी फैलाने का आरोप लगाया गया था। अदालत ने उन्हें दोषी पाया और यह सजा सुनाई। यह मामला रूस में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर बढ़ते दबाव को दर्शाता है। आलोचकों का कहना है कि यह सजा राजनीतिक रूप से प्रेरित है और सरकार असहमति को दबाने की कोशिश कर रही है। इस फैसले से रूस में विपक्षी कार्यकर्ताओं और पत्रकारों के लिए स्थिति और भी कठिन हो सकती है।
