हंगेरी में रूसी खुफिया एजेंसी की गतिविधियों का पता चला है। एक विश्वविद्यालय के छात्र ने राष्ट्रीय सुरक्षा जांच की आवश्यकता वाली नौकरी के लिए आवेदन किया, तो यह पता चला कि रूसी एजेंट पहले से ही उससे संपर्क कर चुके थे। जांच में यह भी सामने आया कि रूसी दूतावास में तैनात एक राजनयिक इस युवा हंगेरियन को पर्दे के पीछे से समर्थन दे रहा था। हैरानी की बात यह है कि वह राजनयिक अभी भी रूसी दूतावास में कार्यरत है। यह घटना हंगेरी में रूसी खुफिया गतिविधियों और संभावित सुरक्षा खतरों को उजागर करती है। अधिकारियों ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है और सुरक्षा उपायों को मजबूत करने पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है। यह मामला युवा हंगेरियन नागरिकों के लिए एक चेतावनी के रूप में भी काम करता है।