रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने यूक्रेन में चल रहे संघर्ष को लेकर कहा है कि रूस, सैन्य अभियान के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए कूटनीति को प्राथमिकता दे रहा है। उन्होंने यूरोप और नाटो को भी चेतावनी दी है। लावरोव के अनुसार, रूस बातचीत के माध्यम से समाधान खोजने का इच्छुक है, लेकिन अपने सुरक्षा हितों की रक्षा के लिए दृढ़ है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि यदि रूस को खतरा महसूस हुआ, तो परमाणु हथियारों का इस्तेमाल करने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। यह बयान पश्चिमी देशों के साथ तनाव बढ़ने के बीच आया है, जो यूक्रेन को सैन्य सहायता प्रदान कर रहे हैं। रूस का कहना है कि यह सहायता संघर्ष को और बढ़ा रही है और शांति प्रयासों को कमजोर कर रही है। लावरोव ने सभी पक्षों से संयम बरतने और बातचीत में शामिल होने का आह्वान किया है।