प्रतिबंधों के चलते रूस की नागरिक विमानन व्यवस्था गंभीर रूप से प्रभावित हुई है। नए विमानों को भी खोलकर उनके पुर्जे पुराने विमानों की मरम्मत के लिए इस्तेमाल किए जा रहे हैं। रूस को पश्चिमी देशों से विमान के पुर्जों की आपूर्ति में भारी बाधाओं का सामना करना पड़ रहा है। इससे विमानों की सुरक्षा और रखरखाव पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। विशेषज्ञ बताते हैं कि यह स्थिति रूसी विमानन उद्योग के लिए दीर्घकालिक खतरा पैदा कर सकती है। पुर्जों की कमी के कारण कई विमान मरम्मत के लिए खड़े हैं और उड़ानें रद्द हो रही हैं। रूस सरकार इस समस्या से निपटने के लिए घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देने का प्रयास कर रही है, लेकिन इसमें समय लगेगा।