क्रिस्टियानो रोनाल्डो पर विश्व कप में अच्छा प्रदर्शन करने का भारी दबाव था, खासकर लियोनेल मेसी, किलियान एम्बाप्पे और एर्लिंग हालैंड के शानदार प्रदर्शन के बाद। मैच के दौरान, रोनाल्डो को ऑफसाइड स्थिति में जानबूझकर खड़े रहने और फिर हाथों में हाथ डालकर सबसे पहले मैदान छोड़ने के आरोप लगे। इस व्यवहार ने पुर्तगाल की हार में योगदान दिया, ऐसी अटकलें लगाई जा रही हैं। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि यह एक रणनीतिक कदम हो सकता है, जबकि अन्य इसे निराशाजनक प्रतिक्रिया मानते हैं। रोनाल्डो की इस हरकत ने खेल जगत में बहस छेड़ दी है। इस घटना के बाद रोनाल्डो की नेतृत्व क्षमता और टीम के प्रति प्रतिबद्धता पर सवाल उठ रहे हैं। पुर्तगाल अब अगले मैचों में बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश करेगा।