शनिवार शाम को, 59 वर्षीय एक पर्यटक पिआत्रा क्रायुल राष्ट्रीय उद्यान के मुख्य श्रृंग पर, तिम्बलुल मारे शिखर के पास हृदयघात के कारण दुर्भाग्यवश चल बसा। पर्वतारोपण बचाव दल ने ज़मीनी और हवाई दोनों तरह से त्वरित प्रतिक्रिया दी, लेकिन दुर्भाग्यवश पर्यटक को बचाया नहीं जा सका। यह घटना उद्यान में सुरक्षा उपायों और आपातकालीन प्रतिक्रिया की आवश्यकता पर प्रकाश डालती है। बचाव दल ने घटनास्थल पर पहुंचने और सहायता प्रदान करने के लिए पूरी कोशिश की। यह एक दुखद घटना है जो पर्वतों में जोखिमों की याद दिलाती है। अधिकारियों ने आगे की जांच शुरू कर दी है। इस घटना से पर्वतारोहण समुदाय में शोक की लहर है।