प्रसिद्ध धारावाहिक ‘द मंडलोरियन’ और ग्रोगु के माध्यम से पितृत्व की नई परिभाषाओं पर एक लेख प्रकाशित हुआ है। यह लेख, रिकार्डो मेंडोज़ा द्वारा लिखा गया है, ‘लिमा ग्रिस’ नामक प्रकाशन में छपा है। इसमें दर्शाया गया है कि कैसे एक योद्धा मंडलोरियन, ग्रोगु नामक एक बच्चे की देखभाल करते हुए पारंपरिक मर्दानगी से अलग हटकर भावनात्मक रूप से जुड़ता है। यह कहानी पितृत्व की रूढ़िवादी अवधारणाओं को चुनौती देती है और एक नए दृष्टिकोण को प्रस्तुत करती है। लेख में इस बात पर प्रकाश डाला गया है कि कैसे यह श्रृंखला पुरुषों को भावनात्मक रूप से अधिक खुले और देखभाल करने वाले बनने के लिए प्रेरित कर सकती है। यह पितृत्व और मर्दानगी के आधुनिक संदर्भ में एक महत्वपूर्ण संवाद को बढ़ावा देता है। यह लेख ‘लिमा ग्रिस’ की वेबसाइट पर उपलब्ध है।