पश्चिमी यूरोप में इस सप्ताह भीषण गर्मी की लहर ने डेनमार्क, स्विट्जरलैंड और जर्मनी तक फैलकर मध्य और पूर्वी यूरोप में भी रिकॉर्ड तापमान दर्ज किया है। अत्यधिक गर्मी के कारण परिवहन व्यवस्था बाधित हुई है और अस्पतालों पर दबाव बढ़ गया है। इस गर्मी की लहर ने यूरोप में जलवायु परिवर्तन के बढ़ते प्रभाव को लेकर चिंताएं फिर से बढ़ा दी हैं। कई देशों में तापमान ने पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। स्वास्थ्य अधिकारियों ने लोगों को सतर्क रहने और गर्मी से बचाव के उपाय करने की सलाह दी है। इस स्थिति से बुनियादी ढांचे और कृषि पर भी असर पड़ने की आशंका है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी घटनाएं भविष्य में और अधिक आम हो सकती हैं।
