पंजाब सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए वार्षिक विकास कार्यक्रम (Annual Development Programme) में 40 प्रतिशत की भारी कटौती की है। यह कटौती करते हुए, कार्यक्रम का आकार अब ₹752 अरब (अरब रुपये) तक सीमित कर दिया गया है। पहले यह राशि लगभग ₹1.25 ट्रिलियन थी। यह निर्णय प्रांत की बिगड़ती वित्तीय स्थिति और राजस्व संग्रह में कमी के कारण लिया गया है। कटौती का सबसे अधिक प्रभाव सामाजिक क्षेत्र, बुनियादी ढांचे और कृषि विकास परियोजनाओं पर पड़ेगा। सरकार का कहना है कि सीमित संसाधनों के बावजूद, महत्वपूर्ण परियोजनाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। विशेषज्ञों का मानना है कि इस कटौती से प्रांत के आर्थिक विकास की गति धीमी हो सकती है। सरकार ने राजस्व बढ़ाने और खर्चों को कम करने के लिए अन्य उपाय भी करने की घोषणा की है।