इजरायली राजनीतिक विशेषज्ञ और विश्लेषकों का मानना है कि अमेरिका और ईरान के बीच संभावित समझौता तेहरान के लिए एक महत्वपूर्ण राजनीतिक जीत होगी। उनका आकलन है कि यह समझौता ईरान को अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी स्थिति मजबूत करने का अवसर प्रदान करेगा। विश्लेषकों का कहना है कि इस समझौते से ईरान पर लगे प्रतिबंधों में ढील दी जा सकती है, जिससे ईरानी अर्थव्यवस्था को लाभ होगा। कुछ विशेषज्ञों का यह भी मानना है कि यह समझौता क्षेत्रीय तनाव को कम करने में मदद कर सकता है, जबकि अन्य इसके दीर्घकालिक परिणामों को लेकर चिंतित हैं। इजरायली सरकार ने अभी तक इस समझौते पर आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है, लेकिन विश्लेषकों का कहना है कि इजरायल इस समझौते को लेकर सतर्क है। यह समझौता ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर नियंत्रण स्थापित करने के प्रयासों का हिस्सा है।
