एकीकृत सामाजिक सहायता (PSU) प्रस्ताव, जिसे अक्सर PSU के नाम से जाना जाता है, बुधवार को संसद में बहस के लिए प्रस्तुत किया जाएगा और अगले दिन इस पर मतदान होगा। यह प्रस्ताव हाल ही में श्रम सुधारों के विफल होने के बाद चर्चा में आया है। PSU का उद्देश्य विभिन्न सामाजिक सहायता कार्यक्रमों को एक ही ढांचे में एकीकृत करना है। इस कदम से सामाजिक सुरक्षा जाल को सुव्यवस्थित करने और अधिक प्रभावी बनाने की उम्मीद है। संसद में बहस के दौरान, प्रस्ताव के विभिन्न पहलुओं पर गहन विचार-विमर्श होने की संभावना है। मतदान के परिणाम से यह पता चलेगा कि यह महत्वपूर्ण सामाजिक नीति लागू की जाएगी या नहीं। सरकार इस प्रस्ताव को पारित करने के लिए समर्थन जुटाने की कोशिश कर रही है।