आज दोपहर दो बजे संसद में सरकार द्वारा प्रस्तावित श्रम कानून में संशोधन पर बहस शुरू होगी। इस दौरान, यूजीटी (UGT) के प्रतिनिधि दर्शक दीर्घा में मौजूद रहेंगे। वहीं, सीजीटीपी (CGTP) ने संसद भवन के बाहर विरोध प्रदर्शन किया है और कार्यकर्ताओं को जमा किया है। यह संशोधन श्रमिकों के अधिकारों और श्रम कानूनों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर केंद्रित है। सरकार का कहना है कि यह बदलाव अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने और रोजगार सृजन में मदद करेगा। हालांकि, सीजीटीपी जैसे श्रमिक संगठन इस संशोधन का विरोध कर रहे हैं, उनका मानना है कि इससे श्रमिकों के अधिकारों का हनन होगा। संसद में होने वाली बहस और विरोध प्रदर्शन से इस मुद्दे पर गरमाहट बढ़ने की संभावना है। इस कानून में होने वाले बदलावों का देश के श्रम बाजार पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ सकता है।
