पोप, जिन्होंने फेफड़ों के कैंसर को हटाने के लिए सर्जरी करवाई, अस्पताल से बाहर निकले तो सैकड़ों विश्वासियों ने उनका स्वागत किया। भीड़ में १३ वर्षीय एक यूक्रेनी लड़की भी थी, जिसने उन्हें कुछ महीने पहले हुई उनकी मुलाक़ात की एक तस्वीर भेंट की। पता चला कि यह लड़की हाल ही में कैंसर से उबरी है। पिछली मुलाक़ात के दौरान लियोन XIV ने उसे साहस दिया था। अब वह खुद पोप का हौसला बढ़ाना चाहती थी। यह घटना पोप और युवा लड़की दोनों के साहस और समर्थन का एक मार्मिक उदाहरण है। यह दिखाता है कि कैसे विपरीत परिस्थितियों में भी लोग एक-दूसरे को सहारा दे सकते हैं।