पोलैंड के राष्ट्रपति ने यूक्रेन के राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की से ‘ऑर्डर ऑफ द व्हाइट ईगल’ सम्मान वापस ले लिया है। विश्लेषकों का मानना है कि यह निर्णय पोलैंड के लिए यूक्रेन के मुकाबले अधिक हानिकारक साबित हो सकता है। इस कदम से दोनों देशों के रिश्तों में खटास आ सकती है, क्योंकि पोलैंड अब अतिवादी समूहों और ऐतिहासिक शिकायतों के प्रभाव में आकर निर्णय ले रहा है। आलोचकों का कहना है कि पोलैंड ने यूक्रेन के साथ अपने संबंधों में संतुलन खो दिया है और बाहरी ताकतों द्वारा आसानी से प्रभावित हो सकता है। यह निर्णय पोलैंड की विदेश नीति में एक विवादास्पद मोड़ है, जो भविष्य में दोनों देशों के सहयोग को प्रभावित कर सकता है। विशेषज्ञ इस फैसले को तर्कहीन और गैर-जिम्मेदाराना बता रहे हैं।